Home कार्रवाई शांति व्यवस्था के मद्देनजर जिले में लागू हुई धारा 144

शांति व्यवस्था के मद्देनजर जिले में लागू हुई धारा 144

766
0

जिला दंडाधिकारी एवं कलेक्टर ने जिले की सीमा में धारा 144 लगाई, 5 अक्टूबर रात्रि 12 बजे तक रहेगी प्रभावी। 26 सितम्बर को गोंड़वाना गणतंत्र पार्टी और पुलिस के बीच हुई झड़प को देखते हुए एहतियातन सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर लगाई गई 144 धारा।

जिला दंडाधिकारी एवं कलेक्टर द्वारा जारी आदेश इस प्रकार है।
मेरे संज्ञान में यह जानकारी आई है कि सम्पूर्ण उमरिया जिले में सामप्रदायिक सद्भाव एवं जन सामान्य के हित जानमाल की सुरक्षा एवं लोक शांति बनाये रखने के उद्देश्य से जिले में दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144 के अंतर्गत निषेधाज्ञा पारित करना आवश्यक प्रतीत होता है। चूंकि ऐसी तत्कालीन परिस्थितियों निर्मित होने से सभी पक्षों को सुनवाई का अवसर देकर सुना जाना संभव नहीं है।
अतः मै बुद्धेश कुमार वैद्य जिला मजिस्ट्रेट उमरिया दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144(1) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुये दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा 144(2) के तहत दिनांक 29.09.2023 से 05.10.2023 की 12:00 बजे रात्रि तक के लिये निम्नानुसार एक पक्षीय निषेधाज्ञा आदेश पारित करता हूँ:-

  1. कोई भी व्यक्ति जलसा जुलूसों में आग्नेय शस्त्र एवं हथियार जैसे बका, तलवार, चाकू, फरसा लेकर नहीं चलेगा कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थल पर खतरनाक हथियार या पदार्थ लेकर नहीं चलेगा।
  2. कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक स्थल पर पारम्परिक रूप से मनाने वाले त्यौहारों को छोडकर पटाखों का उपयोग नहीं करेगा।
  3. कोई भी व्यक्ति जुलूस रेती या आमसभा सक्षम अधिकारी के अनुमति के बिना आयोजित नही कर सकेगा। उक्त क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति बिना अनुमति के ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग नहीं करेगा।
  4. उपरोक्त अवधि में सोडावाटर व कांच की बोतलें, ईंटों के टुकडे व पत्थर एवं एसिड का अवैधानिक कृत्य के उद्देश्य से संग्रहण एवं साथ लेकर चलना वर्जित रहेगा। 5. सोशल मीडिया फेस बुक, व्हाट्सएप, ट्विटर आदि पर भी किसी भी व्यक्ति, धर्म, सम्प्रदाय, जाति या समुदाय के विरुद्ध आपत्तिजनक पोस्ट करना तथा फारवर्ड करना पूर्णत: प्रतिबंधित रहेगा। उसके लिए ग्रुप एडमिन भी जिम्मेदार होगा।
  5. किसी भी भवन/सम्पत्ति (निजी एवं सार्वजनिक) पर आपत्ति जनक भाषा अथवा भड़काऊ नारे लिखना प्रतिबंधित रहेगा।
  6. किसी भी प्रकार के कट-आउट, बैनर, पोस्टर, प्लेक्स, होर्डिंग्स, झंडे, आदि जिन पर किसी भी धर्म, व्यक्ति, सम्प्रदाय, जाति या
    समुदाय के विरूद्ध नारे या अन्य भड़काऊ भाषा का इस्तेमाल किया गया हो, का प्रकाशन एवं उसमा किसी भी स्थल (निजी एवं सार्वजनिक स्थलों पर प्रदर्शन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
  7. समाचार रिपोर्टिंग की संवेदनशीलता को देखते हुए उच्चतम संपादकीय स्तर पर वीटिंग और क्लियरेंस द्वारा सटीकता सुनिश्चित करने हेतु अतिरिक्त देखभाल एवं सावधानी बरतना चाहिए किसी भी समुदाय के पक्ष में या उनके विरुद्ध किसी समाचार/कार्यक्रम का टेलीकाष्ट पक्षपात का कोई भी पूर्वानुमान प्रकट नहीं किया जाएगा।
  8. यह ध्यान रखा जाना चाहिए कि किसी भी बहस/किसी डिबेट या चर्चा में चरम अभिव्यक्ति को व्यक्त करने के लिए किसी को
    कोई अवसर नहीं दिया जाय, जो बहस उत्तेजक और भड़काऊ है, और जनता में तनाव पैदा करने की संभावना है, उनसे बचा जाना चाहिए।
  9. दोपहिया, चारपहिया एवं सभी वाहन चालकों के पास वैध सायसेंस होना चाहिए। वाहन का निर्धारित उपयोग किया जायेगा।
    मालवाहक वाहनों का उपयोग किसी भी स्थिति में लोक परिवहन के लिए नहीं किया जायेगा
  10. यह आदेश मजिस्ट्रेट ड्यूटी पर पुलिस अधिकारी कर्मचारी डयूटी पर एवं अन्य व्यक्ति जिनको जिलादण्डाधिकारी द्वारा अधिकृत प्राधिकारी द्वारा अनुमति पत्र दिया गया हो इन व्यक्तियों पर यह आदेश लागू नहीं होगा और यह आदेश मृतको श्मशान, कब्रस्तान से जाने तथा वापसी संबंधी क्रिया कलाप निःशक्तजनों एवं रोगी व्यक्तियों पर चिकित्सा हेतु आने-जाने रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैण्ड से आने-जाने वाले सद्भाविक यात्रियों, शिक्षण संस्थानों में केवल शैक्षणिक उद्देश्य हेतु छात्र एवं छात्राओं के एकत्रित होने शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं को लाने-ले जाने वाले वाहनों पर लागू नहीं होगा।

चूंकि यह आदेश सर्व साधारण को संबोधित है और वर्तमान परिस्थितियों में सूचना की तामीली सम्पर्क समय में प्रत्येक व्यक्ति को कर सुनवाई की जाना संभव नहीं है, अतः दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 को उपधारा (2) के अंतर्गत यह आदेश एक पक्षीय रूप से पारित किया गया है।
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होकर उमरिया जिले के संपूर्ण राजस्व सीमा क्षेत्र में भी यहां निवास करने एवं आने-जाने वाली आम जनता पर लागू होगा यह भी आदेशित किया जाता है कि इस आदेश को सूचना साधारण की पूरे क्षेत्र में ध्वनि विस्तारक यंत्रो द्वारा दी जाए तथा आदेश की एक प्रति सभी कार्यालयों के नोटिस बोर्ड पुलिस थानों एवं अन्य सहगोचर सार्वजनिक स्थलों पर चस्पा किया जाए। इस आदेश का उल्लंघन भारतीय दण्ड संहिता की धारा 100 एवं अन्य प्रचलित विधियों के अधीन दण्डनीय होगा।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here