Home ख़बरे हटके सैकड़ों साल के बाद दिखा दुर्लभ प्रजाति का रहस्यमयी लाल मूंंगा सांंप

सैकड़ों साल के बाद दिखा दुर्लभ प्रजाति का रहस्यमयी लाल मूंंगा सांंप

508
0

हमारे आस पास के घरों में ज्यादातर कोबरा के अलावा कुछ ऐसे सांप देखने को मिल जाते है जिनके बारें में हम सभी जानते है पर कुछ सापं ऐसे है जिनके बारें में हम अनजान है जिनकी प्रजाति के बारें में हम नही जानते। और इसी दुर्लभ प्रजाति का लाल मूंगा सांप उत्तराखंड में देखन को मिला जैसे देख लोग आश्चर्य में पड़ गए।

बताया जाता है कि इस सापं को पहली बार सबसे पहले साल 1936 में उ.प्र. के लखीमपुर-खीरी में देखा गया था,जिसे देख वैज्ञानिकों ने इसका नाम ओलिगोडॉन खीरीएनसिस रख दिया था। इस दुर्ळब प्रजाति के साप को काफी कम लोगों ने देखा इसके बाद इस तरह का साप नेपाल और असाम में देखने को मिला। पर यह प्रजाति का आज तक कोई पता नही लगा पाया।

वन विभाग के लोग इस बात पर दावा कर रहे है कि इस रहस्यमयी और अद्भुत लाल मूंगा खुखारी सांप के बारें में दुनिया अभी तक अंजान है। सुर्ख लाल मूंगे की तरह चमकदार ये खुखार सांप को लखीमपुर खीरी में देखने को बाद यह विलुप्त हो चुका था।

इसके बाद कुछ जगहों पर ये देखा भी गया लेकिन वो भी मरे हुये । जिसके इसके बारें में सही जानकारी नही हो पाई। लेकिन अभा हाल ही में यह उत्तराखंड के जगंलों में जिंदा हालत में देखने को मिला जिस पर विशेषज्ञों की टीम ने इस पर शोध करना भी शुरू कर दिया है। विशेषज्ञों के अनुसार लाल मूंगा सांप को पूरी निगरानी में रखा जायेगा जिससे उसके हावभाव, रहन-सहन, वासस्थल को पहचाना जा सके।

इसके अलावा इसकी प्रजाति को और अधिक विकसित करने के लिये क्या किया जा सकता है इसकी जानकारी को जुटाने के लिये अध्ययन किया जा रहा है। इसके बाद वर्गीकरण विज्ञानी (टेक्सोनिमिस्ट) से इस सांप की प्रजाति तय की जाएगी।

उत्तराखंड नैनीताल के तराई पूर्वी क्षेत्र में मिला यह जिंदा दुर्लभ लाल मूंगा खुंखारी सांप को वन विभाग ने एक विशेष शीशे के कक्ष में रखकर इसका अध्ययन करना शुरू कर दिया है।और इसके साथ ही उस इलाके की खोज-बीन भी की जा रही है। जिससे इसकी और प्राजाति के और ज्यादा हो सकने के तत्थ मिल सके। दुर्लभ प्रजाति के मिले इस सांप को लेकर वन्यजीव विशेषज्ञों में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है। क्योकि इस दुर्लभ सांप को पाकर विशेष जीत हासिल की गई है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here